लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के सुशांत गोल्फ सिटी इलाके में 24 वर्षीय समरीन की होटल की दसवीं मंजिल से गिरकर मौत हो गई। इस घटना के बाद कई सवाल उठ रहे हैं कि समरीन कौन थीं, उनकी मुलाकात अवनीश जायसवाल से कैसे हुई और होटल में आखिर क्या हुआ था। परिवार ने अवनीश पर समरीन को धक्का देकर मारने का आरोप लगाया है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू की है। हालांकि, समरीन की मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसका अंतिम निष्कर्ष जांच के बाद ही सामने आएगा।

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, समरीन लखनऊ के चौक इलाके के हट्टा सूरत सिंह मोहल्ले की रहने वाली थीं। वह अपनी मां सूफिया बानो के साथ रहती थीं। परिवार में उनकी बहनें और भाई भी हैं। रिपोर्टों के मुताबिक, समरीन का करीब छह साल पहले निकाह हुआ था। शादी के बाद उनका एक बेटा हुआ, जिसकी लगभग तीन साल पहले बीमारी के कारण मौत हो गई थी। इसके बाद समरीन और उनके पति के बीच संबंध बिगड़ गए और दोनों अलग रहने लगे।
समरीन के वैवाहिक जीवन से जुड़ा मामला भी चल रहा था। रिपोर्टों में बताया गया कि उनके और पति के बीच तलाक की कानूनी प्रक्रिया जारी थी और मामले की अगली सुनवाई 13 अक्टूबर को होनी थी। इसी बीच 12 अक्टूबर को समरीन की मौत हो गई।

समरीन और अवनीश जायसवाल की पहली मुलाकात सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम के जरिए हुई थी। समाचार रिपोर्टों के अनुसार, अवनीश ने इंस्टाग्राम पर ‘देव’ नाम से अकाउंट बनाया हुआ था। इसी अकाउंट के माध्यम से दोनों के बीच संपर्क शुरू हुआ। बताया गया कि बाद में दोनों ने एक-दूसरे के फोन नंबर लिए और बातचीत करने लगे। धीरे-धीरे दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और मुलाकातों का सिलसिला शुरू हो गया।
परिवार के एक रिश्तेदार के मुताबिक, अवनीश समरीन से मिलने के लिए अक्सर लखनऊ आता था। समरीन ने अपनी बहनों को भी उसके बारे में बताया था। हालांकि, दोनों के रिश्ते की शुरुआत से लेकर घटना से पहले तक के सभी विवरणों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।

समरीन के परिवार का आरोप है कि दोनों के बीच शादी को लेकर विवाद चल रहा था। परिजनों के मुताबिक, अवनीश और समरीन के संबंधों में तनाव बढ़ गया था। परिवार ने यह भी आरोप लगाया कि अवनीश की शादी कहीं और तय होने की बात सामने आने के बाद दोनों के बीच विवाद और गहरा गया था। इन बातों की पुलिस जांच कर रही है।
समरीन की बहन शीबा खान के अनुसार, घटना वाले दिन समरीन ने कहा था कि वह अवनीश से आखिरी बार बात करके मामले को अंतिम रूप देने जाएगी। परिवार के मुताबिक, समरीन ने घर लौटने की बात भी कही थी। लेकिन बाद में उससे संपर्क नहीं हो पाया। इसके बाद परिवार को उसकी मौत की खबर मिली।
पुलिस और मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, 12 अक्टूबर 2026 को समरीन सुल्तानपुर निवासी अवनीश जायसवाल के साथ लखनऊ के ओमेक्स न्यू हजरतगंज परिसर स्थित होटल सेलेस्टियल मैन्योर पहुंची थीं। दोनों ने सुबह करीब 11 बजकर 46 मिनट पर होटल के कमरा नंबर 1037 में प्रवेश किया था।

शाम करीब छह बजे समरीन होटल की दसवीं मंजिल से नीचे गिर गईं। होटल के सुरक्षा प्रभारी ने शाम लगभग 6 बजकर 34 मिनट पर पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। समरीन को बचाया नहीं जा सका।
रिपोर्टों के मुताबिक, घटना के बाद समरीन के साथ होटल आए युवक के वहां से निकलने की बात सामने आई। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि घटना से पहले कमरे में क्या हुआ था और समरीन किस परिस्थिति में नीचे गिरीं। होटल के सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों की जांच की जा रही है।
समरीन की बहन शीबा खान ने पुलिस को दी गई शिकायत में आरोप लगाया कि शादी को लेकर हुए विवाद के दौरान अवनीश ने समरीन को होटल से नीचे धक्का दिया। परिवार का कहना है कि यदि दोनों के संबंधों में परेशानी थी, तो उसे बातचीत या कानूनी तरीके से सुलझाया जा सकता था।

पुलिस ने शिकायत के आधार पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) के तहत हत्या का मुकदमा दर्ज किया। समाचार रिपोर्टों के अनुसार, पुलिस आरोपी की तलाश कर रही थी और घटना से जुड़े साक्ष्य जुटाए जा रहे थे। यह ध्यान रखना जरूरी है कि परिवार के आरोप अभी जांच का विषय हैं। प्राथमिकी दर्ज होने का अर्थ यह नहीं है कि आरोपी का अपराध साबित हो चुका है। घटना की वास्तविक परिस्थितियां पुलिस जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट होंगी।
लखनऊ के इस मामले में पुलिस होटल के सीसीटीवी फुटेज, घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्यों, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और संबंधित लोगों के बयानों के आधार पर जांच कर रही है। परिवार ने न्याय की मांग की है। दूसरी ओर, घटना के पीछे की वास्तविक परिस्थितियों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।

समरीन की मौत ने उनके परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। अब सबकी नजर पुलिस जांच पर है, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि होटल में उस शाम क्या हुआ था और इस मामले में कानूनी रूप से किसकी क्या भूमिका थी।


