Thursday, April 23, 2026
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यमन में इजराइल का हमलाः

सना में धुआं और आग की लपटें दिखीं। एक ईंधन ट्रक नष्ट, कई घर क्षतिग्रस्त। अल-जौफ में सरकारी कॉम्प्लेक्स पर हमला। यमन ऑयल एंड गैस कॉर्पोरेशन ने कहा कि अस्पतालों को ईंधन आपूर्ति प्रभावित।

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Iram Fatima
Iram Fatima
मेरा नाम इरम फातिमा है। मैं मूल रूप से लखनऊ की रहने वाली हूं और मैंने पत्रकारिता करियर दो साल पहले एक अखबार के साथ शुरू किया था और वर्तमान में पिछले कुछ महीनों से डिजिटल प्लेटफॉर्म पर सक्रिय हूं और ग्लोबल बाउंड्री में असिस्टेंट कंटेंट प्रोडूसर के रूप में काम कर रही हूं।

  Yaman sna:हूती गुरुप कौन हैं? यमन के हूती (आधिकारिक नाम: अंसार अल्लाह) एक ईरान समर्थित शिया विद्रोही समूह हैं, जो 2014 से यमन के उत्तरी हिस्से, जिसमें राजधानी सना शामिल है, पर नियंत्रण रखते हैं। वे यमन के गृहयुद्ध में शामिल हैं और सऊदी अरब व अमेरिका के नेतृत्व वाले गठबंधन के खिलाफ लड़ रहे हैं।

 

गाजा युद्ध का कनेक्शन: 7 अक्टूबर 2023 को हमास के इजरायल पर हमले के बाद गाजा में युद्ध शुरू हुआ। हूतियों ने इसे “फलस्तीनियों के समर्थन” में कहा और लाल सागर में इजरायली जहाजों पर हमले शुरू किए। उन्होंने इजरायल पर ड्रोन और मिसाइलें दागीं, जिससे इजरायल ने जवाबी कार्रवाई की

पिछले हमले (2025 में): मई 2025: इजरायल ने सना इंटरनेशनल एयरपोर्ट और होदेदाह बंदरगाह पर हमला किया, जिसमें कई विमान नष्ट हो गए। हूतियों के हथियारों की आपूर्ति रोकने का दावा।

24 अगस्त 2025: हूतियों ने क्लस्टर बम वाली मिसाइल दागी, तो इजरायल ने सना में बिजलीघर, ईंधन स्टेशन और राष्ट्रपति भवन पर हमला किया। कम से कम 6 मौतें।28 अगस्त 2025: ऑपरेशन “लकी ड्रॉप” में इजरायल ने सना में हूती मंत्रियों की बैठक पर हमला किया। हूती प्रधानमंत्री अहमद अल-रहावी, रक्षा मंत्री मोहम्मद अल-अतिफी और सेना प्रमुख मुहम्मद अब्द अल-करिम अल-घमारी की मौत हुई। यह हूतियों के शीर्ष नेतृत्व पर सबसे बड़ा प्रहार था।

 

हालिया ट्रिगर: 7 सितंबर 2025 को हूतियों ने इजरायल के दक्षिणी रेमन एयरपोर्ट पर ड्रोन हमला किया, जिसमें 2 लोग घायल हुए और एयरपोर्ट कुछ घंटों के लिए बंद रहा। इजरायली वायु रक्षा सिस्टम फेल हो गया।

 

10 सितंबर 2025 का मुख्य हमला: क्या हुआ?

समय और जगह: 10 सितंबर 2025 (बुधवार) को इजरायली वायु सेना (IAF) ने यमन की राजधानी सना और उत्तरी अल-जौफ प्रांत पर कई हवाई हमले किए। यह हमला कतर में हमास पर इजरायली हमले के एक दिन बाद हुआ, जो गाजा युद्धविराम वार्ता को प्रभावित कर रहा है।

 

इजरायल के दावे:

इजरायली सेना ने कहा कि 10 लड़ाकू विमानों ने 2,350 किलोमीटर की दूरी तय कर 15 सैन्य ठिकानों पर 30 से ज्यादा बम गिराए।

निशाने: हूती सैन्य शिविर, प्रचार विभाग (मोरल गाइडेंस हेडक्वार्टर), ईंधन भंडारण सुविधा, मिसाइल लॉन्चर और कमांड सेंटर। इजरायल ने इन्हें “आतंकी ठिकाने” बताया, जो इजरायल पर हमलों की योजना बनाते थे।

प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने वीडियो बयान में कहा: “हमने उनके आतंकी ठिकानों, आधारों और कई आतंकियों को निशाना बनाया। जो हम पर हमला करेगा, हम उसे पहुंच जाएंगे।” रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज ने कहा: “हूतियों पर बाइबिल की तरह प्लेग (प्रलय) लाएंगे।”

 

हूती पक्ष: हूती मीडिया (अल-मसीरा टीवी) ने कहा कि हमले में 35 लोग मारे गए और 131 घायल हुए। ज्यादातर नागरिक, जिसमें पत्रकार और राहगीर शामिल।

 

निशाने: सना में हूती रक्षा मंत्रालय, अखबार कार्यालय, मेडिकल स्टेशन (अल-सितीन स्ट्रीट पर), ईंधन स्टेशन और सरकारी भवन। हूतियों ने दावा किया कि इजरायल ने नागरिक इलाकों को निशाना बनाया।

हूती प्रवक्ता यहया सरी ने कहा: “हमारी वायु रक्षा ने हमले को विफल कर दिया, लेकिन इजरायल गाजा समर्थन रोकने की कोशिश कर रहा है। हम जारी रखेंगे।”

 

नुकसान का विवरण: हूती स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार 35 शहीद, 131 घायल। इजरायल ने मौतों की पुष्टि नहीं की, लेकिन कहा कि “कई आतंकी मारे गए।”

क्षति: सना में धुआं और आग की लपटें दिखीं। एक ईंधन ट्रक नष्ट, कई घर क्षतिग्रस्त। अल-जौफ में सरकारी कॉम्प्लेक्स पर हमला। यमन ऑयल एंड गैस कॉर्पोरेशन ने कहा कि अस्पतालों को ईंधन आपूर्ति प्रभावित।

सोशल मीडिया पर सना में धुंधला धुआं और टूटे कांच की तस्वीरें वायरल। हूती टीवी ने लाइव कवरेज किया।

 

अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया  : हूती नेता महदी अल-मशात ने कहा: “यह आक्रामकता विफल होगी। हम बदला लेंगे।” उन्होंने विदेशी कंपनियों को इजरायल छोड़ने की चेतावनी दी।

 

हूतियों ने लाल सागर में जहाजों पर हमले बढ़ाने का ऐलान किया।इजरायल: सेना प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल एयाल जामिर ने कहा: “हमारा लंबा हाथ हर दुश्मन तक पहुंचेगा।” यह हमला गाजा, लेबनान, सीरिया और कतर के बाद यमन पर छठा देशी हमला था।

 

अन्य देश:

अमेरिका: चुप्पी साधे, लेकिन CENTCOM ने हूती हमलों पर चिंता जताई।

  कतर: इजरायल के कतर हमले के बाद नाराज, लेकिन यमन पर टिप्पणी नहीं।

संयुक्त राष्ट्र: हमलों की निंदा, नागरिक मौतों पर चिंता। WHO चीफ ने पहले (दिसंबर 2024) के हमले में बाल-बाल बचने का जिक्र किया।

ईरान: हूतियों का समर्थन, कहा “यमन सही रास्ते पर।”

  भारत/अरब देश: चुप, लेकिन यमन सरकार ने हूतियों की निंदा की।

प्रभाव: लाल सागर में शिपिंग प्रभावित, तेल कीमतें बढ़ीं। गाजा युद्धविराम वार्ता (कतर में) पर संकट।

निष्कर्ष और आगे की संभावना : यह हमला इजरायल-हूती संघर्ष का नया चरण है, जो गाजा युद्ध से जुड़ा है। हूतियों ने कहा कि वे गाजा समर्थन जारी रखेंगे, जबकि इजरायल ने और हमलों की धमकी दी। इससे पश्चिम एशिया में अस्थिरता बढ़ सकती है।

 

 

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  • मेरा नाम इरम फातिमा है। मैं मूल रूप से लखनऊ की रहने वाली हूं और मैंने पत्रकारिता करियर दो साल पहले एक अखबार के साथ शुरू किया था और वर्तमान में पिछले कुछ महीनों से डिजिटल प्लेटफॉर्म पर सक्रिय हूं और ग्लोबल बाउंड्री में असिस्टेंट कंटेंट प्रोडूसर के रूप में काम कर रही हूं।

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